हारा हुआ सा…

हारा हुआ सा लगता है वजूद मेरा,
हर एक ने लूटा है दिल का वास्ता देकर..

Hara hua sa lagta hai Wajood mera,
Har ek ne loota hai Dil ka wastaa dekar..

मदहोश रहते हैं..

मदहोश रहते हैं, तभी ज़िंदा हैं..
वरना होश में कँहा ज़िन्दगी, रास आती है…???

Madhosh rahte hain, Tabhi Zindaa hain..
Warna Hosh mein kanha Zindagi, Raas aati hai…???

कसूर तो बहुत किये..

कसूर तो बहुत किये हैं ज़िन्दगी में पर सज़ा वंहा मिली जहाँ बेकसूर थे..
Kasoor to bahut kiye hain Zindagi mein par sazaa wahaa mili janha Beksoor the…

चाह कर भी..

चाह कर भी उनका हाल नहीं पूछ सकते,
डर है कंही कह ना दे की यह हक़ तुम्हे किसने दिया..

Chaah kar bhi unka haal nahi poochh skte,
Darr hai kanhi keh na de ki yeh haq tumhe kisne diya..

तुम ही हो एक मेरे..

तुम ही हो एक मेरे, दिल को बस यही करार रहा..
लौट आओगे एक दिन तुम, आखरी सांस तक बस तेरा ही इंतज़ार रहा..

Tum hi ho ek mere, Dil ko bas yhi kraar rha..
Laut Aaoge ek din Tum, AKHRI Saans tak bas Tera hi Intzaar rha..

ना पा सकूँ..

ना पा सकूँ, ना भुला सकूँ..
तू मेरी मज़बूरी सा है, तेरे बिना जी रहे हैं..
और जी भी लेंगे, फिर भी तू जरुरी सा है..

Naa Paa Saku, Naa Bhula saku..
Tu meri Majburi sa hai, Tere bina Jee rhe hain..
Aur Jee bhi lenge, Fir bhi tu Jaruri sa hai..

वो मुझे भूल गया..

वो मुझे भूल गया तो क्या हुआ.. ???
लोग हाथों से दफ़न कर के भूल जाते हैं के कबर कौन सी है..

Wo mujhe bhool gya to kya hua.. ???
log hatho se Dafan kar ke bhool jate hain ke kabar kaun si hai..

फिर नहीं बसते..

फिर नहीं बसते वो दिल, जो एक बार टूट जाये..
कब्रें कितनी भी संवारो, ज़िंदा नहीं होती..

Fir nahi baste wo Dil, jo ek bar toot jaye..
Kabrein kitni bhi snwaro, Zinda nahi hoti..

खुदा! करे..

खुदा! करे तू मेरी याद में खाक छाने,
खुदा! करे मैं तुझे खाक में भी ना मिलू..

Khuda! kare tu meri yad mein khak chhane,
Khuda! kare main tujhe khak mein bhi na milu..

इंसान अगर प्यार में पड़े

इंसान अगर प्यार में पड़े, तो गम में पड़ ही जाता है
क्योंकि प्यार किसी को चाहे कितना भी करो, थोड़ा सा तो कम पड़ ही जाता है

Insan agar pyar mein pade, to gum mein pad hi jata hai
kyonki pyar kisi ko chahe kitna bhi karo, thoda sa to kam pad hi jata hai